Biography
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Meera Jaayasavaal
जन्म - उत्तर प्रदेश के मीरजापुर शहर में 19 जून 1948 को हुआ है. अब स्विट्ज़रलैंड में ठिकाना है.शिक्षा - काग़ज़ी डिग्रियां एम.ए,बी.एड की हैं. ज़िन्दगी और दुनियां से हासिल डिग्रियों की फेहरिस्त उनसे लंबी है.
टाटा स्टील, जमशेदपुर के शिक्षा-विभाग में सत्ताईस वर्षों तक अध्यापन. यहीं रंगकर्म में सक्रियता.
कृतियाँ—प्रभात प्रकाशन के सत्साहित्य प्रकाशन से प्रकाशित, येनांगविकारः (कहानी संग्रह)
किताब महल द्वारा प्रकाशित ‘सुकूनत : ग़र ज़िन्दगी बाखैर होती. (आत्मकथा)
प्रतिष्ठित पत्रिका ‘हंस’ में कहानी प्रकाशित.
युवावस्था में बहुत वर्षों तक रंग मंच से जुड़ाव. कई नाटकों का मंचन और निर्देशन किया. अखबारों में छिटपुट लेख भी लिखे.
शौक- पठन-पाठन, बागवानी, साड़ियाँ डिज़ाइन करना, पोती खिलाना, बिजली-पानी बचाने के लिए लोगों को जागरूक करना, फ़िल्में देखना. थियेटर देखने–करने और सैर का बेहद शौक़.
स्विट्ज़रलैंड, जर्मनी, फ़्रांस, इटली, पोलैंड, स्पेन, हंगरी, ऑस्ट्रिया, चेक रिपब्लिक, स्वीडन, डेनमार्क, रोमानिया, ग्रीस, टर्की लिथुयानिया, एस्टोनिया, फ़िनलैंड, स्वीडन, स्लोवाकिया, बल्गारिया, लाटविया, माल्टा आदि की यात्राएं. इसी शौक़ ने अब तक दुनिया के कई देशों की सैर करा दी. स्वास्थ्य और ढलती उम्र से गुज़ारिश है कि मुझे इतनी मोहलत दें कि कम से कम और पंद्रह मुल्कों की सरज़मीं छू सकूं और वहां के तज़ुर्बों के मनकों को लफ़्ज़ों में पिरो सकूं.